International Journal of Humanities and Social Science Research

International Journal of Humanities and Social Science Research


International Journal of Humanities and Social Science Research
International Journal of Humanities and Social Science Research
Vol. 6, Issue 6 (2020)

नीति आयोग एवम् कृत्रिम बुद्धिमत्ता


मीना धीवां

भारत ‘राज्यों का संघ’ है। भारतीय संघवाद, भारतीय संस्कृति, विविधतापूर्ण समाज, बहुलतावाद को समाहित करते हुए विविधता में एकता की एक संुदर प्रतिमूर्ति है। भारतीय संघवाद1 ने अपनी लोकतंत्रीय शैली की खूबसूरती से भारत की परम्परागत संस्कृति को भूमण्डलीकरण के दौर में भी बनाए रखा है। संघात्मक व्यवस्था की संरचना को बनाए रखने में अनेक संवैधानिक व गैर-संवैधानिक संस्थाओं का योगदान है, जिसमें नीति आयोग महत्त्वपूर्ण है।
सरकार द्वारा अभिनव विचारों को लाने के लिए योजना आयोग का पुनर्गठन कर नीति आयोग2 का निर्माण एक ‘थिंक टैंक’ के रूप में किया गया। इसे एक ऐसे स्रोत के रूप में देखा जा सकता है, जिसके माध्यम से अभिनव विचार संभावित स्रोतों के माध्यम से जैसे उद्योग, शिक्षा, नागरिक समाज, विदेशी विशेषज्ञों से आते हैं और उनका क्रियान्वयन सरकारी प्रणाली के माध्यम से होता है जैसे आयुष्मान भारत,3 कृत्रिम बुद्धिमता, जल संरक्षण आदि उपायों के बारे में हमारा दृष्टिकोण और मेडिकल काउंसिल आॅफ इंडिया को बदलने के लिए राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग की स्थिापना के लिए मसौदा बिल, इन सभी को नीति आयोग में परिकल्पित किया गया है और सम्बन्धित मंत्रालय के द्वारा आगे बढ़ाया जा रहा है। नीति आयोग ‘थिंक टैंक’ होने के साथ एक ‘एक्शन टैंक’ भी है। यह नये विचारों को एकत्रित कर उन्हें केन्द्र व राज्य सरकार के साथ साझा करके सहयोगी संघवाद की धारणा को व्यवहारिक रूप प्रदान कर रहा है। यह संघीय शासन प्रणाली को बेहतर बनाने और सार्वजनिक सेवाओं के बेहतर वितरण के लिए अभिनव उपायों को लागू करने में बेहतर भूमिका निभा रहा है।
भूमण्डलीकरण के पश्चात् उत्तर-आधुनिक5 युग में वैश्विक परिदृश्य भी बदला है। इस संदर्भ के चलते भारत में औद्योगिक क्रांति 4.0, बिग डेटा, इंटरनेट आॅफ थिंग्स, कृत्रिम बुद्धिमता, रोबोटिक आदि नये क्षेत्रों में व्यापक संभावनाएँ उभरी है जिन्होंने मानव जीवन को सुविधाजनक बनाया है भारत में नीति आयोग ने इन्हीं क्षेत्रों व्याप्त संभावनाओं का दोहन करने हेतु एक रणनीति तैयार की है, ‘नई शिक्षा नीति (2006)6’ डिजिटल स्वास्थ्य मिशन7, म.छंउ, वेस्ट मैनेजमेन्ट, ड्रोन द्वारा यातायात नियंत्रण आदि शामिल है। हाल ही में कृत्रिम बुद्धिमत्ता के क्षेत्र में नीति आयोग ने एक नया आयाम पेश किया है।
कृत्रिम बुद्धिमत्ता एक प्रकार का कम्प्यूटर साॅफ्टवेयर है, जेा मानवीय कार्यों, यथा सोचने, विचार करने, सीखने, समस्या हल करने हेतु मशीनी क्षमता को संदर्भित करता है। नीति आयोग ने कृत्रिम बुद्धिमत्ता के लिए राष्ट्रीय रणनीति प्रकाशित की है जिसमें पाँच क्षेत्रों (शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, स्मार्ट सिटी, परिवहन) को चिह्नित किया है। तकनीकियों के माध्यम से व्यापक समस्याओं जैसे गरीबी, आतंकवाद, भ्रष्टाचार, अस्वच्छता, साम्प्रदायिकता को समाप्त करने हेतु ‘अभिनव भारत’ प्रायोजित है, जिसे 2022 तक ”संकल्प से सिंद्धि“ नामक योजना द्वारा प्राप्त करने का लक्ष्य है।
Download  |  Pages : 30-33
How to cite this article:
मीना धीवां. नीति आयोग एवम् कृत्रिम बुद्धिमत्ता. International Journal of Humanities and Social Science Research, Volume 6, Issue 6, 2020, Pages 30-33
International Journal of Humanities and Social Science Research